मेरठ में बदमाशों ने खोल दी फर्जी पुलिस चौकी, वर्दी पहनकर बैठते थे; कमरे में अंबेडकर और गांधी की तस्वीरें, लड़की से न्यूड वीडियो कॉल कराकर लोगों को फंसाते थे!

मेरठ में बदमाशों ने खोल दी फर्जी पुलिस चौकी, वर्दी पहनकर बैठते थे; कमरे में अंबेडकर और गांधी की तस्वीरें, लड़की से न्यूड वीडियो कॉल कराकर लोगों को फंसाते थे!


मेरठ में थाने से सिर्फ 3 किलोमीटर की दूरी पर फर्जी पुलिस चौकी चलाकर लोगों को ब्लैकमेल किया जाता था। पुलिस ने गैंग के 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि 2 अभी फरार हैं।
गैंग पहले लड़की से न्यूड वीडियो कॉल कराके लोगों को अपने जाल में फंसाता था। इसके बाद उन्हें झूठे केस में फंसाने की धमकी देता था। फिर फर्जी पुलिस चौकी में बुलाकर उनसे रुपए वसूलता था।
एक युवक की शिकायत के बाद पुलिस ने शुक्रवार (31 जुलाई) रात छापेमारी की। कमरे में फर्जी पुलिस चौकी का पूरा सेटअप मिला। मामला ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र का है।
ब्रह्मपुरी थाने में 29 जुलाई को नीरज नाम का एक युवक शिकायत लेकर पहुंचा था। उसने पुलिस को बताया- टीपी नगर पुलिस चौकी के पुलिसवाले मुझे ब्लैकमेल कर रहे हैं। दरोगा और सिपाही ने झूठे मामले में फंसाने की धमकी देकर मुझसे रुपए मांगे हैं।
शिकायत के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू की। युवक ने जिस पुलिस चौकी के बारे में बताया, वहां पुलिस रिकॉर्ड में कोई चौकी नहीं मिली। इसके बाद ब्रह्मपुरी थाना पुलिस ने पूरे मामले की गुप्त जांच शुरू की।
शुक्रवार देर रात पुलिस ने बताए गए ठिकाने पर छापा मारा। यहां कमरे के अंदर का नजारा देखकर पुलिस भी हैरान रह गई। बिल्कुल असली पुलिस चौकी जैसा माहौल बनाया गया था।
कमरे में चौकी प्रभारी जैसी टेबल-कुर्सी रखी थी। पीछे महात्मा गांधी और डॉ. भीमराव आंबेडकर की तस्वीरें लगी थीं। मौके पर मौजूद 2 नकली पुलिसवालों को गिरफ्तार कर लिया गया।
तलाशी के दौरान पुलिस को मौके से वर्दी और चौकी में इस्तेमाल होने वाला सामान मिला। पूछताछ में पता चला कि आरोपी खुद को पुलिसकर्मी बताकर लोगों को डराते थे।
पुलिस मुताबिक, ये लोग साइबर ठगों की तरह काम करते थे। पहले एक लड़की से वीडियो कॉल कराते थे। वीडियो कॉल पर लड़की न्यूड हो जाती थी। कुछ मिनट तक सामने वाले शख्स से गंदी-गंदी बातें करती थी।
इस दौरान वह वीडियो कॉल रिकॉर्ड की जाती थी। बाद में नकली पुलिसवाले वीडियो कॉल पर बात करने वाले शख्स के पास कॉल करके उसे धमकाते थे। फिर उन्हें फर्जी पुलिस चौकी में बुलाकर रुपए वसूलते थे।
एसपी सिटी मेरठ विनायक गोपाल भोंसले ने बताया कि आरोपी राहुल पाल और आकाश को गिरफ्तार किया गया है। मामले में दो आरोपी अभी फरार हैं, उनकी तलाश की जा रही है। आरोपियों के पास से लैपटॉप और मोबाइल फोन बरामद हुए हैं।
आरोपी पहले प्रॉपर्टी डीलिंग का काम करते थे, लेकिन नुकसान होने के बाद जल्दी पैसा कमाने के लिए हनी ट्रैप का तरीका अपनाया। अगर कोई व्यक्ति आसानी से उनके झांसे में नहीं आता था, तो वह खुद को पुलिसकर्मी बताकर उसे डराते थे। इसके बाद उनसे रुपए वसूलते थे। पुलिस आरोपियों के बैंक खातों की भी जांच करेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *