लखनऊ के आशियाना थाने में तैनात दरोगा (SSI) धर्मवीर शाही ने एक फरियादी लड़की के साथ रेप किया। लड़की की फरियाद यह थी कि बस्ती के एक युवक ने शादी का झांसा देकर उसका रेप किया है। इस केस की विवेचना दरोगा धर्मवीर शाही को करनी थी। उन्होंने लड़की को फोन कर थाने बुलाया। वहां कहा- तुम्हारा रे*प केस पुराना हो गया। एक बार मुझसे संबंध बना लो तो मेडिकल सही आएगा।
पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि दरोगा ने थाने बुलाया। सारी बातें सुनने के बाद अपने कमरे में बुला ले गया। वहां पर उसने शारीरिक संबंध बनाए। इसके बाद कहा कि अब नई रिपोर्ट में रेप की पुष्टि हो जाएगी। दरोगा इतने में नहीं रुका। उसने केस मजबूत करने के नाम पर कई बार रे*प किया। इस दरम्यान वह शादी का भी आश्वासन देने लगा।
इस तरह से उससे रिलेशन चलने लगा। पीड़िता ने जब शादी की बात की तो उसके साथ मारपीट की गई। पीड़िता ने दरोगा के खिलाफ पुलिस कमिश्नर और डीसीपी सेंट्रल को शिकायत दे दी। इसके बाद दरोगा को सस्पेंड कर उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया।
पीड़िता ने लखनऊ कमिश्नर को दी गई शिकायत में बताया- उसने बीएड कर रखा है। बीएड करने के दौरान उसकी मुलाकात शंखपुर बस्ती निवासी अभिषेक सिंह से हुई। उसने शादी का झांसा देकर संबंध बनाए, फिर मुकर गया। अभिषेक के खिलाफ शिकायत बस्ती में दर्ज कराई। केस जीरो पर ट्रांसफर होकर लखनऊ के आशियाना थाने आया। जांच में घटनास्थल पीजीआई मिला तो पीजीआई थाने चला गया।
केस ट्रांसफर होने की जानकारी छिपाकर आशियाना थाने में तैनात SSI धर्मवीर शाही ने आशियाना में बुलाया। 21 फरवरी को आशियाना थाने में धर्मवीर शाही से मिलने गई। वहां पर धर्मवीर शाही ने कहा- इस केस की जांच की सारी जानकारी/विवेचना मैं करूंगा। धर्मवारी शाही विवेचना के तथ्यों के बारे में जानकारी लेने के बहाने फोन पर बात करने लगा। बातचीत के दैरान दरोगा धर्मवीर अश्लील बातें भी करने लगा।

