इलाहाबाद हाईकोर्ट ने शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती पर झूठा आरोप लगाने के लिए दबाव बनाने के मामले में प्रदेश सरकार से एक सप्ताह में रिपोर्ट तलब की है।
जस्टिस जेजे मुनीर की बेंच ने शाहजहांपुर निवासी पत्रकार रमाशंकर दीक्षित की तरफ से दायर पूरक हलफनामे पर सुनवाई करते हुए यह आदेश पारित किया। कोर्ट ने शुक्रवार को दाखिल अनुपूरक शपथपत्र को अभिलेख पर लेने के साथ कार्यालय को विधिवत क्रमांकित करने का निर्देश दिया है।
मामले की अगली सुनवाई 16 जुलाई को होगी
कोर्ट ने आशुतोष ब्रहाचारी का पता, पिता का नाम और अन्य विवरण अंकित करते हुए याचिका में प्रतिवादी (पक्षकार) के रूप में शामिल करने का भी निर्देश दिया है। राज्य सरकार की तरफ से उपस्थित स्थायी अधिवक्ता को एक सप्ताह में आवश्यक इंस्ट्रक्शन (रिपोर्ट) प्रस्तुत करने के लिए कहा गया है। मामले की अगली सुनवाई 16 जुलाई को होगी और इसे नए वाद के रूप में सूचीबद्ध किया जाएगा।

