📚 युवा भारत को नई दिशा देंगे डॉ लोहिया के 1967 के तीन ऐतिहासिक लेख
सादर नमस्कार, वंदे मातरम्।
डॉ. राम मनोहर लोहिया के मई-जून 1967 के तीन महत्वपूर्ण लेख साझा कर रहा हूँ। इसी वर्ष 12 अक्टूबर 1967 को उनका देहांत हुआ था।
ये तीनों लेख आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं जितने 59 साल पहले थे।
1967 के तीन महत्वपूर्ण लेख:
- मई 1967 – समाजवाद और वर्तमान राजनीति
- जून 1967 – असहमति का अधिकार और लोकतंत्र
- जून 1967 – विदेश नीति और गैर-संरेखता
आग्रह: आप सभी गंभीरता पूर्वक अध्ययन करेंगे, चिंतन करेंगे, आपस में संवाद करेंगे। खासकर युवा पीढ़ी, विश्वविद्यालय के छात्रगण एवं शिक्षक गण तथा राजनीतिक दलों के कार्यकर्ता आज की राजनीति का मूल्यांकन इस लेख के आधार पर करें।
आशा है युवा भारत को नई दृष्टि और नई दिशा मिलेगी, उनके चिंतन में निष्पक्षता और व्यापकता आएगी। वर्तमान में इसकी आवश्यकता है।
— हुकुमदेव नारायण यादव, पूर्व सांसद
27 सितंबर 2026, नई दिल्ली

