हरिद्वार की इंदिरा बस्ती के 60 परिवारों को हाईकोर्ट से बड़ी राहत, बस्ती खाली कराने के नोटिस पर लगी रोक


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हरिद्वार की इंदिरा बस्ती के 60 परिवारों को हाईकोर्ट से बड़ी राहत, बस्ती खाली कराने के नोटिस पर लगी रोक

नैनीताल/हरिद्वार, 15 अक्टूबर 2026

उत्तराखंड हाईकोर्ट ने हरिद्वार के कनखल स्थित इंदिरा बस्ती को खाली कराने के मामले में 60 परिवारों को बड़ी राहत दी है। कोर्ट ने जिलाधिकारी हरिद्वार को निर्देश दिए हैं कि प्रभावित लोगों और लोक निर्माण विभाग (लोनिवि) का पक्ष सुनकर ही अंतिम निर्णय लिया जाए।

कोर्ट का निर्देश – DM प्रभावितों और लोनिवि का पक्ष सुनकर लें निर्णय

नैनीताल हाईकोर्ट ने हरिद्वार के कनखल स्थित इंदिरा बस्ती को खाली कराने के नोटिस के मामले में जिलाधिकारी को प्रभावित लोगों और लोक निर्माण विभाग (लोनिवि) का पक्ष सुनकर निर्णय लेने के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने बस्ती के नियमितीकरण के पुराने प्रस्ताव पर भी स्थिति स्पष्ट करने को कहा है। इसके साथ ही याचिका निस्तारित कर दी गई।

क्या है पूरा मामला?

न्यायमूर्ति पंकज पुरोहित की एकलपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। ओमपाल सिंह सहित पांच याचिकाकर्ताओं ने कोर्ट को बताया कि इंदिरा बस्ती में करीब 60 परिवार पिछले 50 से 60 वर्षों से रह रहे हैं।

बीती 29 सितंबर को जारी नोटिस में उन्हें अतिक्रमणकारी बताते हुए 15 दिन के भीतर जगह खाली करने को कहा गया था। ऐसा नहीं करने पर अतिक्रमण बलपूर्वक हटाने की चेतावनी दी गई थी। नोटिस में यातायात प्रभावित होने का हवाला दिया गया था।

याचिकाकर्ताओं की मांग:

याचिकाकर्ताओं ने नोटिस पर रोक लगाने और मकानों को ध्वस्त किए जाने से सुरक्षा देने की मांग की थी। उनका कहना था कि वर्ष 1998 से बस्ती के नियमितीकरण का प्रस्ताव लंबित है। वर्ष 2016 में मलिन बस्तियों के संबंध में कानून बनने के बाद नगर निगम हरिद्वार ने भी इंदिरा बस्ती को नियमितीकरण के लिए सूची में 13वें क्रम पर चिह्नित किया था। इसके बावजूद आगे की कार्रवाई नहीं हुई।

हाईकोर्ट के निर्देशों के बाद अब जिलाधिकारी को संबंधित पक्षों की सुनवाई कर मामले में निर्णय लेना होगा।


हाईकोर्ट आदेश
रिपोर्ट: गंगा न्यूज़ 24 , हरिद्वार

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