जिस उम्र में बच्चे खिलौनों से खेलते हैं, उस उम्र में देहरादून की नन्ही वेदिका वर्मा क्रिकेट के मैदान पर अपने सपनों को आकार दे रही हैं। महज 5 साल की उम्र में वे अपनी शानदार विकेटकीपिंग, फुर्तीली फील्डिंग और आत्मविश्वास से भरी बल्लेबाजी से सभी का ध्यान आकर्षित कर रही हैं।
लिटिल मास्टर क्रिकेट क्लब की खिलाड़ी वेदिका ने केवल 8 महीने पहले क्रिकेट खेलना शुरू किया था, लेकिन आज वह अपने से बड़े खिलाड़ियों के साथ अभ्यास कर रही हैं। विकेट के पीछे उनकी फुर्ती देखते ही बनती है। तेज़ रफ्तार से आने वाली गेंदों और मुश्किल कैच को भी वे बड़ी सहजता से पकड़ लेती हैं।
🏃♀️ मैदान पर उतरने से पहले वेदिका रोज़ पांच चक्कर दौड़ लगाती हैं और फिर घंटों अभ्यास करती हैं। यही अनुशासन और मेहनत उन्हें खास बनाती है।
📚 कक्षा 1 की छात्रा वेदिका नेहरूग्राम स्थित अकेशिया पब्लिक स्कूल में पढ़ती हैं। उनके पिता विमल वर्मा और माता सोमती वर्मा सीमित संसाधनों के बावजूद बेटी के सपनों को पूरा करने में हर संभव सहयोग दे रहे हैं।
🏏 वेदिका महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर को अपना आदर्श मानती हैं और एक दिन भारतीय महिला क्रिकेट टीम की जर्सी पहनकर देश का प्रतिनिधित्व करना चाहती हैं।
कोच नरेंद्र शाह का कहना है कि वेदिका की विकेटकीपिंग में फुर्ती, सीखने की ललक और समर्पण देखकर उन्हें भारतीय महिला टीम की स्टार खिलाड़ी स्नेह राणा की झलक दिखाई देती है।
नन्ही उम्र, बड़े सपने और उससे भी बड़ी मेहनत… 🌟
उत्तराखंड की यह बेटी आने वाले वर्षों में राज्य और देश का नाम रोशन करे, यही शुभकामनाएं।

