महाकाल मंदिर परिसर में स्थित महानिर्वाणी अखाड़े की महंत गादी को लेकर एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। अब महंत गादी पर विनीत गिरी महाराज ही बने रहेंगे।
यह निर्णय अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद अध्यक्ष महंत रवींद्र पुरी महाराज के नेतृत्व में अखाड़े के पंचों द्वारा लिया गया। खास बात यह है कि महंत गादी पर अभी तक विनीत गिरी महाराज बने हुए थे लेकिन स्वास्थ्य कारणों के चलते उन्होंने इस्तीफा दे दिया था। महंत विनीत गिरी के इस्तीफे के बाद चर्चाओं का दोर शुरू हो गया। दरअसल विनीत गिरी महाराज ने ही अपने स्वास्थ्य कारणों के चलते पद से हटने की बात कही थी।
दरअसल, महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग विश्व प्रसिद्ध है। इसके साथ ही यहां होने वाली भस्म आरती आकर्षण का केंद्र बनी रहती है। भस्मारती में शामिल होने के लिए देश ही नहीं विदेशों से भी श्रद्धालु आते हैं। ऐसे में परंपरा अनुसार भस्मारती के दौरान बाबा महाकाल को भस्म महा निर्वाणी अखाड़े के महंत गादी पति ही चढ़ाते हैं।

